अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर 20 देशों के सामने अटल जी के लिए इस देश ने किया सबसे बड़ा एलान, पीएम मोदी भी हुए ख़ुशी से गदगद
नई दिल्ली : पूर्व पीएम अटल बिहारी वाजपेयी के निधन पर भी कुछ वामपंथी ज़हर उगल रहे थे जबकि अटल जी की महानता के चर्चे केवल देश में ही नहीं विदेशों तक फैले हुए थे. इजराइल ने अटल जी को “सच्चा दोस्त” बताया है और शोक सन्देश भेजा है. वहीँ चीन ने भी अटल जी को ‘चमत्कारिक नेता’ बताया है.
अमेरिका, रूस, जापान ने भी अटल जी के निधन पर गहरा शोक प्रकट किया है और कहा है ऐसा शख्स कभी कभी ही पैदा होते हैं. तो वहीँ अब मॉरीशस के प्रधानमंत्री ने अपना राष्ट्रिय ध्वज आधा झुकाते हुए अटल जी के नाम पर बहुत बड़ा एलान कर दिया है जिसे देख आज हर भारतीय का सीना गौरवान्वित हो उठेगा.
अभी मिल रही बड़ी खबर के मुताबिक मॉरीशस की राजधानी पोर्ट लुईस में 11वां विश्व हिंदी सम्मेलन शनिवार से शुरू हो गया । दुनिया में हिंदी भाषा की पहुंच को बढ़ावा देने के उद्देश्य से यहां आयोजित इस सम्मेलन में भारत के पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को श्रद्धांजलि भेंट करते हुए मॉरीशस के प्रधानमंत्री प्रवीण कुमार जगन्नाथ ने घोषणा की कि जिस साइबर टावर के निर्माण में अटल जी ने सहयोग प्रदान किया था, अब उस टावर का नाम अटल बिहारी वाजपेयी टावर होगा.
अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर अटल जी को दी ऐसी श्रद्धांजलि
सम्मेलन के प्रारंभ में पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल बिहारीवाजपेयी के सम्मान में दो मिनट का मौन रखा गया। सम्मेलन का उद्घाटन करते हुए मारीशस के प्रधानमंत्री प्रवीण कुमार जगनाथ ने कहा कि वाजपेयी भारत के एक महान सपूत और मारीशस के परम मित्र थे. बता दें इससे पहले मारीशस देश ने अटल जी के सम्मान में अपने देश का राष्ट्रिय ध्वज तक आधा झुका लिया था. आज तक भारत के इतिहास में ऐसा किसी देश ने किसी नेता के लिए नहीं किया है. ये अपने आप में बहुत बड़ी बात है.
करीब 20 देशों से आए 2000 सदस्यों वाले इस तीन दिनों के सम्मेलन में हिंदी की दुनिया और भारतीय संस्कृति पर आठ उपविषयों पर व्याख्यान दिए जाएंगे।साथ ही वाजपेयी जी के साहित्य पर 2 घंटे का विशेष सत्र भी होगा। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने इस सम्मेलन की सफलता के लिए शुभकामनाएं दी हैं। मोदी ने अपने संदेश में कहा है कि मैं आश्वस्त हूं कि यह सम्मेलन हिंदी के इस्तेमाल को बढ़ावा देने में मददगार होगा और पूरी दुनिया में हिंदी की महत्वपूर्ण भूमिका की समझ बढ़ेगी.
मॉरीशस के पोर्ट लुई में हो रहे वर्ल्ड हिन्दी कॉन्फ्रेंस में प्रधानमंत्री प्रविंद जगन्नाथ और भारत की विदेश मंत्री सुषमा स्वराज की मौजूदगी में अटल बिहारी वाजपेयी को श्रद्धांजलि अर्पित की गई। गौरतलब है कि यहां स्वामी विवेकानंद अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन केंद्र में 18 अगस्त से तीन दिवसीय 11 वां विश्व हिंदी सम्मेलन शुरू हो रहा है। आयोजन स्थल को गोस्वामी तुलसी दास नगर नाम दिया गया है.
मॉरिशस के प्रधानमंत्री ने 11वें विश्व हिन्दी सम्मेलन के अवसर पर दो डाक टिकट जारी किए हैं। एक पर भारत एवं मॉरिशस के राष्ट्रीय ध्वज और दूसरे पर दोनों देशों के राष्ट्रीय पक्षी मोर और डोडो की तस्वीर है.
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